गुरुवार, 27 अक्तूबर 2011

रखो याद हे राम, लखन की बहन शान्ता

भैया दूज पर-

सम्बन्धों  की  श्रृंखला,  निर्विकार - निष्काम |
जननी सम भगिनी दिखे, भर-जीवन अविराम ||

बहना के जियरा बसे, स्नेह परम-उत्ताल |
भाई  स्वारथ  में  पड़े,  दूर होय हर साल ||

करुणामयी पुकार पर,  धाये  भैया  हर्ष |
हर बहना महफूज हो, सामाजिक-उत्कर्ष ||
 
जीजाबाई मातु की, जसुमति पन्ना धाय |
लक्ष्मी दुर्गावती की, महिमा गाय अघाय |

लोकगीत में है भरा,  भाई-बहना प्यार |
पर आदर्शों की कमी, रहा झेल संसार ||

अनदेखी   भारी   पड़े,  पाप - कर्म  से  बाज  |
भ्रूण प्रौढ़ तक पोसिये, माँ मत भूल समाज ||
Bhai Duj
कुण्डली
राम-लखन की शान्ता,  भूले  तुलसीदास |
बहनों के बलिदान को,  भूला यह इतिहास |
 भूला यह इतिहास, नहीं आकर्षण दिखता |
पावन प्यार-दुलार, ग्रन्थ न कोई लिखता ||
कह रविकर अफ़सोस, बहन को नहीं जानता |
रखो याद हे राम,  लखन की बहन शान्ता ||

17 टिप्‍पणियां:

डा. श्याम गुप्त ने कहा…

सुंदर दोहे व कुंडली छंद...
--सही कहा शांता पर साहित्य नहीं मिलता ...
---भैया, मैंने तो एक बहन (रावण की बहन) पर "शूर्पणखा" खंड काव्य लिखा है ...

रविकर ने कहा…

जी,
आपका आशीर्वाद मिला |
आभार --
खंड-काव्य "शूर्पणखा"
पढने की इच्छा है |
क्या ब्लॉग पर उपलब्ध है ?
सादर प्रणाम ||

संजय कुमार चौरसिया ने कहा…

बहुत सुंदर

Suresh kumar ने कहा…

Bahut hi sundar....

श्रीप्रकाश डिमरी /Sriprakash Dimri ने कहा…

behad bhaavpurn abhivyakti ....aapko bhiyaa dooj par haardik shubh kaamnayen saadar abhinandan

Atul Shrivastava ने कहा…

सुंदर प्रस्‍तुति।
भाई दूज की शुभकामनाएं......

kase kahun?by kavita verma ने कहा…

bhai dooj ki shubhkamnayen..

वर्ज्य नारी स्वर ने कहा…

सुन्दर रचना.

निर्मला कपिला ने कहा…

सशक्त कलम से सुन्दर रचना। बधाई।

डा. श्याम गुप्त ने कहा…

हाँ रविकर जी..dhanyavaad ....यह मेरे ब्लॉग ..हिन्दी हिन्दू हिन्दुस्तान ... URL..(http://saahhityshyam.blogspot.com/) एवं All india blogars association ...के ब्लॉग पर उपलब्ध है....

मदन शर्मा ने कहा…

बहुत सुन्दर रचना|
आपको तथा आपके परिवार को दिवाली की शुभ कामनाएं!!!!

veerubhai ने कहा…

बहुत सुन्दर मनोहर और पावन भाव लिए है यह पोस्ट .बधाई .

आकाश सिंह ने कहा…

वाह क्या बात है ...बहुत भावपूर्ण रचना.
कभी समय मिले तो http://akashsingh307.blogspot.com ब्लॉग पर भी अपने एक नज़र डालें .फोलोवर बनकर उत्सावर्धन करें .. धन्यवाद .

virendra ने कहा…

bdhaayee aadarneey ravikar ji

par aadarshon kee kamee rahaa jhel sansaar . bhaavmay prabhaavmay
srijan, naman saadar naman .

रविकर ने कहा…

बहुत-बहुत आभार ||

छठ पर्व की शुभकामनाएं ||

हास्य-व्यंग्य का रंग गोपाल तिवारी के संग ने कहा…

Badhiya Post.

अशोक कुमार शुक्ला ने कहा…

मै आपकी यह पोस्ट बिलम्ब से पढ पाया हूँ ।
सराहनीय है

आपकी पोस्ट सराहनीय है शुभकामनाऐं!!