सोमवार, 16 अप्रैल 2012

कहीं कोई सब्ज़बाग़ दिखा कर बर्बादी के रास्ते पर डाल दे

मां बाप को चाहिए कि वे यह ज़रूर देख लें कि उनकी लड़की जिन लड़कियों के साथ दोस्ती रखती है। उनका शौक़ क्या हैं ?
कहीं ऐसा न हो कि कोई ग़लत लड़की आपकी कम उम्र मासूम लड़की को सब्ज़बाग़ दिखा कर बर्बादी के रास्ते पर डाल दे।
पेश है एक रिपोर्ट, जो कि कम या ज़्यादा हरेक शहर की कहानी है और अब यह कहानी क़स्बों और गांवों तक आ चुकी है।
भुवनेश्वरः देह व्यापार में मिलने वाला अच्छा पैसा और पूरे होने वाले बड़े शौक में अब कॉलेज की लड़कियों की तादात बढ़ती ही जा रही है। उड़ीसा के भुवनेश्वर में बीती रात पुलिस ने एक होटल में छापा मारकर एक हाईफाई सेक्स रैकेट का भंड़ाफोड़ किया, यहां से 10 लड़कियों को गिरफ्तार किया गया जबकि सेक्स रैकेट चलाने वाला सरगना भी पुलिस के शिकंजे में फंस गया।

पुलिस ने बताया कि पकड़ी गई लड़कियां यहां के बड़े कॉलेजों की छात्राएं है जबकि कुछ लड़कियां इंजीनियरिंग की पढ़ाई कर रही हैं। पुलिस के अनुसार अपने शौक पूरा करने के लिए बड़े घराने की लड़कियां इस धंधे में सबसे ज्यादा आ रही हैं, खासकर पढ़ाई कर रही लड़कियां मां-बाप से दूर रहकर इस धंधे में जुड़ती हैं। पुलिस ने बताया कि पकड़ी गई लड़कियों में 7 लड़कियां कोलकता की हैं जबकि बाकी की भुवनेश्वर से हैं।


पुलिस के मुताबिक यहां पर सेक्स रैकेट का धंधा चलाने वाले सुनील मेहरा को गिरफ्तार कर लिया गया है साथ ही उसके पास से एक डायरी भी बरामद की गई है जिसमें यह खुलासा हुआ है कि यहां पर प्रतिदिन बड़ी तादात में लड़कियां लाई जाती हैं और हर दिन तकरीबन एक लाख से 80 हजार तक की कमाई की जाती है। डायरी में यह भी पाया गया कि लड़कियों की सप्लाई दूसरे राज्यों में किया जाता था।

सबसे बड़ी चौंकाने वाली बात यह है कि जहां पर सेक्स रैकेट का पर्दाफाश हुआ उसके नजदीक स्टेशन मौजूद है। अब सवाल यह उठता है कि इस धंधे को बढ़ावा देने के लिए क्या पुलिस ने आंखे बंद कर रखी थी, क्या कभी भी इन्हें आभास नहीं हुआ कि यहां पर इस तरह का गलत काम चल रहा है। इस पूरे प्रकरण से पुलिस पर सवाल खड़े किए जा रहे हैं। 
Source : http://www.funonthenet.in/forums/index.php?topic=176346.0;wap2

4 टिप्‍पणियां:

RITU ने कहा…

आपने बहुत सही कहा है ..माता पिता को जागरूक होना आवश्यक है !
kalamdaan

कुमार राधारमण ने कहा…

स्वयं लड़कियां भी यह देखें कि मां-बाप से मिली आज़ादी और उनके विश्वास का उन्होंने क्या सिला दिया है!

शिखा कौशिक ने कहा…

radharaman ji is very correct .i agree with his view .

Dr. Ayaz Ahmad ने कहा…

लड़कियां भी अपना ध्यान रखें और उनके अपने भी उनका ध्यान रखें।
नई उम्र में हौसले भी नए होते हैं और अरमान भी ऊंचे होते हैं।
सही बात बताने वाले आज कम हैं और वरग़लाने वाले ज़्यादा।