बुधवार, 4 जून 2014

घायल मन को शांति कैसे मिले?

आज इंसान अपने शरीर का इलाज कर रहा है लेकिन उसकी बीमारी का कारण उसके मन में छिपा है. जब तक इंसान अपने मन पर ध्यान नहीं देगा, अपने ख़यालात और जज़्बात को हेल्दी नहीं बनायेगा तब तक वह एक के बाद दूसरी बीमारी का शिकार होता रहेगा. आज यह बात साइंटीफिकली साबित हो चुकी है कि Stress 95% बीमारियों का कारण है.
भारतीय  नारी को भी तनाव का सामना करना पड़ता है. ऐसे में उसे तनाव से मुक्ति के लिए ज़रूर कुछ करना चाहिए. ऐसा कुछ जिससे उसे आराम मिले, सुकून मिले. वह अपने तन पर उबटन मलने से लेकर मायके जाने तक कुछ भी कर सकती है. तनाव देने वाली जगह से हट जाना भी एक अच्छा उपाय है. 
आज मन घायल है और लोग अपने जीवन साथी की परवाह नहीं करते कि उसे प्यार की कितनी ज़्यादा ज़रूरत है. 
तनाव का सही इलाज शांति है और शांति केवल प्रेम से मिलती है. सबसे ज़्यादा प्रेम वह पैदा करने वाला पालनहार करता है. सबसे प्रेम पाने की अपेक्षा छोड़ कर उसके  प्रेम को याद करना मन को गहरी शांति देता है. 
जब आप पानी पियें , जब आप खाना खाएं और जब आप साँस लें तो उसकी नेमतों को उसके प्यार का तोहफा समझ कर ग्रहण करें. आपकी बदली हुई मानसिकता आपको बदलकर रख देगी, आपको शान्ति मिलेगी और फिर यह कभी ख़तम न होगी.
बच्चे के लिए माँ और माँ के लिए बच्चा सबसे बड़ा तोहफ़ा  है. जो नहीं मिल सका उसे भुला दें और जो पास में है उसका शुक्र अदा करें, सारा Stress दूर हो जाएगा.  

3 टिप्‍पणियां:

shikha kaushik ने कहा…

your view is very right .

shikha kaushik ने कहा…

your view is very right .

रविकर ने कहा…

सुन्दर प्रस्तुति-
बहुत बहुत शुभकामनायें आदरणीय-